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अच्छी दवा मीठी होती हैवां7एपिसोड

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अच्छी दवा मीठी होती है

प्रतिभाशाली बालक अमृत को संघ प्रमुख राकेश ने अगवा करके अमर दवा बनाने के लिए चुरा लिया। उसके गुरु संत आदित्य ने उसे बचाया और पहाड़ों पर ले जाकर शिक्षा दी। परिवार उसे ढूंढता रहा, पर नहीं मिला। आठ साल बाद, अमृत दवा विद्या में निपुण होकर गाँव लौटा। पर तब तक उसके परिवार का अखाड़ा तबाह हो चुका था। डर था कि अमृत को भी नुकसान न हो, इसलिए परिवार ने उसे पहचानने से इनकार कर दिया। जब अमृत जाने ही वाला था, तभी राकेश उसके घर आ पहुँचा। सच खुलते ही अमृत ने अपने परिवार को बचाया और सबसे मिल गया।
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इस एपिसोड की समीक्षा

तलवारबाजी का कमाल

इस दृश्य में कारवाई देखकर रोंगटे खड़े हो गए। सिर पर पट्टी वाला व्यक्ति हवा में उड़ता हुआ दुश्मन पर टूट पड़ा। हरे रंग की जादुई शक्ति ने सबको हैरान कर दिया। बच्ची की मासूमियत और घायल व्यक्ति का दर्द दिल को छू गया। अच्छी दवा मीठी होती है नामक इस कार्यक्रम में हर पल नया मोड़ आता है। फर वाले खलनायक की हंसी अब नहीं चलेगी और जीत अच्छों की होगी।

नन्ही परी का करिश्मा

छोटी बच्ची ने सबका ध्यान खींच लिया। उसकी आंखों में डर नहीं बल्कि एक अलग ही चमक थी। जब उसने अंगूठा दिखाया तो लगा जीत पक्की है। घायल व्यक्ति को बचाने के लिए सब जुट गए। अच्छी दवा मीठी होती है कहानी में ऐसा मोड़ नहीं देखा था। सफेद कपड़ों वाली की चिंता साफ दिख रही थी और सब राहत की सांस ले रहे थे।

घमंडी विलेन की हार

फर वाला व्यक्ति बहुत घमंडी लग रहा था। उसकी तलवार तेज थी पर हौसला टूट गया। जब जादुई हमला हुआ तो उसकी हंसी गायब हो गई। पीछे खड़े लोग भी हैरान थे। अच्छी दवा मीठी होती है लड़ी में खलनायक का अंत ऐसा ही होना चाहिए। खून गिरता देख लगा मामला गंभीर है पर नायक ने सब संभाल लिया।

दर्द और जुनून

जमीन पर गिरा व्यक्ति दर्द से कराह रहा था। उसकी आंखों में बदले की आग साफ दिख रही थी। भीड़ में खड़े लोगों के चेहरे पर सन्नोटा छा गया। अच्छी दवा मीठी होती है नाटक में भावनाओं को बहुत गहराई से दिखाया गया है। सिर पट्टी वाले योद्धा ने अपनी ताकत का लोहा मनवा दिया और सबको चौंका दिया।

जादुई शक्ति का प्रदर्शन

हरे रंग की ऊर्जा ने पूरा मैदान भर दिया। ऐसा लगा जैसे कोई देवता उतर आया हो। तलवारें टकराईं पर जादू आगे रहा। बच्ची भी इस शक्ति का हिस्सा लग रही थी। अच्छी दवा मीठी होती है में ऐसे दृश्य बार बार देखने को मिलते हैं। खलनायक अब क्या करेगा यह देखना बाकी है और रोमांच बना हुआ है।

भीड़ की प्रतिक्रिया

पीछे खड़े लोगों के चेहरे देखने लायक थे। कोई डरा हुआ था तो कोई हैरान। सफेद पोशाक वाली की आंखें फटी की फटी रह गईं। अच्छी दवा मीठी होती है कार्यक्रम में हर किरदार का अपना वजन है। जब मुख्य योद्धा ने छलांग लगाई तो सबकी सांसें रुक गईं और सब हैरान रह गए।

लड़ाई का कोरियोग्राफी

तलवारबाजी के दांव पेच बहुत शानदार थे। हवा में उड़ना और वार करना आसान नहीं होता। कैमरा कोण ने इस और भी रोमांचक बना दिया। घायल व्यक्ति को बचाने की जल्दी साफ दिख रही थी। अच्छी दवा मीठी होती है में लड़ाई दृश्यों की कमी नहीं है। फर वाले की पकड़ ढीली पड़ गई और वह हार गया।

कहानी में नया मोड़

लगा था अब सब खत्म हो गया पर ऐसा हुआ नहीं। बच्ची के हाथ में कुछ था जो मायने रखता था। अच्छी दवा मीठी होती है कहानी में ऐसे मोड़ आम बात हैं। सिर पट्टी वाले ने अपनी असली ताकत दिखा दी। खलनायक की हंसी अब गंभीरता में बदल गई है और उसे सबक मिल गया है।

दृश्य की खूबसूरती

पुराने जमाने की इमारतें और कपड़े बहुत सुंदर लग रहे थे। खून के निशान और जादुई रोशनी ने अंतर बनाया। अच्छी दवा मीठी होती है की नज़ारों पर खासा ध्यान दिया गया है। बच्ची के कपड़ों का रंग बहुत प्यारा था। हर फ्रेम एक तस्वीर जैसा लग रहा था और मन मोह लिया।

जीत की खुशी

अंत में बच्ची ने जो अंगूठा दिखाया वो दिल जीत गया। लगता है दुश्मन को सबक मिल गया। घायल व्यक्ति अब सुरक्षित है। अच्छी दवा मीठी होती है में ऐसे सुखद अंत की उम्मीद थी। सिर पट्टी वाले योद्धा ने सबका दिल जीत लिया। सब खुश दिख रहे थे और जीत का जश्न मना रहे थे।