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Devi Ka Inteqam

60 saal pehle, andhi goddess Morgana ne apni shaktiyon ko 12 Embers mein todkar dosto ko saunp diya aur so gayi. Par jaagne par usey pata chalta hai ki sabne dhoka dekar un Embers se apni sultanat khadi kar li hai. Ab Morgana ek kaali carriage mein wapas lauti hai apna ek-ek Shard wapas chheen-ne. Jo parivaar apna Shard khud dega, usey maut se pehle ek aakhri sach janne ka mauka milega.
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इस एपिसोड की समीक्षा

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सफेद कवच का दर्द

इस दृश्य में सफेद कवच वाले योद्धा की आँखों में जो गहरी वेदना है, वह सीधे दिल को छू लेती है। सामने खड़ी सफेद बालों वाली शख्सियत बिल्कुल पत्थर दिल लग रही है, कोई पछतावा नहीं। बच्चों के चीखने का दृश्य अचानक आता है और रोंगटे खड़े कर देता है। देवी का इंतेकाम की कहानी में यह मोड़ बहुत महत्वपूर्ण लग रहा है। मुझे नेटशॉर्ट ऐप पर यह देखकर बहुत अच्छा लगा कि कैसे बिना ज्यादा संवाद के ही इतना तनाव बनाया गया है।

काले लिपस्टिक का राज

उस शख्सियत के चेहरे पर काला लिपस्टिक और आँखों का मेकअप उसे बहुत खतरनाक बना रहा है। वह कुछ भी बोल नहीं रही लेकिन उसकी खामोशी शोर मचा रही है। सफेद कवच वाला बार बार कुछ कहने की कोशिश कर रहा है पर रुक जाता है। देवी का इंतेकाम में किरदारों के बीच की यह खिंचाव बहुत अच्छी लगी। पुराने किले का माहौल भी कहानी को गहराई दे रहा है। मैं अगली कड़ी देखने के लिए बेताब हूँ।

बच्चों की चीखें

बीच में जो बच्चों के डरने और कीचड़ में गिरने के दृश्य आए, वो बहुत दर्दनाक थे। लगता है सफेद कवच वाले को उस दिन की याद आ रही है। उसकी आँखों में आँसू और गुस्सा दोनों साफ दिख रहे हैं। देवी का इंतेकाम की पटकथा में इस तरह के स्मृति दृश्य का उपयोग बहुत प्रभावशाली है। मैंने नेटशॉर्ट ऐप पर कई कार्यक्रम देखे हैं पर यह सबसे अलग है। कलाकारों के अभिनय ने जान डाल दी है।

पत्थर की दीवारें

इस लंबे गलियारे की वास्तुकला बहुत प्राचीन लग रही है, जैसे कोई पुराना किला हो। दोनों किरदारों के बीच की दूरी उनके रिश्ते की दूरी को दर्शाती है। एक तरफ सफेद कवच है तो दूसरी तरफ काला लिबास। देवी का इंतेकाम में दृश्य कथाकथन बहुत मजबूत है। मुझे यह पसंद आया कि कैसे रंगों का इस्तेमाल करके अच्छे और बुरे का संकेत दिया गया है। बहुत ही शानदार निर्माण मूल्य है।

आँसू और खामोशी

सफेद कवच वाले का चेहरा देखकर लगता है कि उसने बहुत कुछ खो दिया है। वह रो रहा है लेकिन आवाज नहीं निकाल रहा। सामने वाली शख्सियत बिल्कुल स्थिर खड़ी है, जैसे उसे कोई फर्क ही न पड़े। देवी का इंतेकाम के इस दृश्य में भावनात्मक नाटक चरम पर है। नेटशॉर्ट ऐप की वीडियो गुणवत्ता भी बहुत साफ है, हर भाव स्पष्ट दिख रहा है। मैं इस कहानी का अंत जानने के लिए उत्सुक हूँ।

बदले की आग

शीर्षक ही बता रहा है कि इसमें बदला मुख्य विषय है। सफेद कवच वाला शायद किसी गलती की सजा मांग रहा है या फिर माफ़ी। लेकिन काले वस्त्रों वाले के चेहरे पर कोई दया नहीं है। देवी का इंतेकाम की कहानी में न्याय और बदले की लकीर बहुत पतली है। मुझे यह अवधारणा बहुत पसंद आया। कलाकारों की शारीरिक भाषा से ही पूरी कहानी समझ आ जाती है। यह एक बेहतरीन कलाकृति है।

कवच और तलवार

सफेद कवच की डिजाइन बहुत ही बारीकी से की गई है, हर सिलाई साफ दिख रही है। तलवार कमर पर बंधी है लेकिन वह उसे इस्तेमाल नहीं कर रहा, बस बात कर रहा है। देवी का इंतेकाम में वेशभूषा विशेषज्ञ ने बहुत मेहनत की है। नेटशॉर्ट ऐप पर ऐसे उच्च गुणवत्ता कार्यक्रम मिलना दुर्लभ है। मुझे लगता है यह कार्यक्रम जल्द ही बहुत लोकप्रिय हो जाएगा। सबको देखना चाहिए।

टूटा हुआ वादा

लगता है इन दोनों के बीच कभी कोई वादा हुआ था जो अब टूट चुका है। सफेद कवच वाले की आँखों में उम्मीद है लेकिन सामने वाले की आँखों में निराशा। देवी का इंतेकाम में रिश्तों के इस टूटन को बहुत खूबसूरती से दिखाया गया है। मुझे नेटशॉर्ट ऐप की व्यवस्था भी पसंद आया जहाँ मैंने यह देखा। वीडियो बिना रुके चला और मज़ा आया। बहुत ही आकर्षक सामग्री है।

ठंडा माहौल

पूरे दृश्य में एक ठंडक है, चाहे वह पत्थर की दीवारें हों या काले वस्त्रों वाले का व्यवहार। सफेद कवच वाला पसीने में है फिर भी ठंड महसूस हो रही है। देवी का इंतेकाम का माहौल बनाने में निर्देशक की मेहनत साफ झलकती है। नेटशॉर्ट ऐप पर मैंने पहली बार इतना माहौल वाला कार्यक्रम देखा है। हर दृश्य एक चित्र जैसा लग रहा है। कला की सच्ची परिभाषा है यह।

अंत की शुरुआत

यह सीन किसी अंत की शुरुआत लग रहा है या फिर किसी नई लड़ाई की। दोनों एक दूसरे को घूर रहे हैं जैसे आखिरी बार देख रहे हों। देवी का इंतेकाम की कहानी में अब बड़ा मोड़ आने वाला है। मुझे नेटशॉर्ट ऐप पर यह कार्यक्रम देखकर बहुत संतुष्टि मिली। ऐसे ही और सामग्री की उम्मीद है। कलाकारों को सलाम जो बिना बोले सब कह गए।