रात के उस दृश्य में जब मास्क वाला व्यक्ति मछली पकड़ रहा था, तो माहौल में एक अजीब सा तनाव था। उसकी बातों से साफ़ जाहिर होता है कि वह किसी बड़ी साजिश के पीछे है। प्रकाश मंडल का नाम सुनकर ही रोंगटे खड़े हो जाते हैं। यह कहानी आगे क्या मोड़ लेगी, यह देखना दिलचस्प होगा। (डबिंग) ठुकराया हुआ इक्का में ऐसे मोड़ ही जान डालते हैं।
प्रतियोगिता स्थल में जब काले कपड़े वाले ने सिर्फ तीन चालों में विरोधी को हरा दिया, तो सबकी सांसें रुक गईं। उसकी ताकत को देखकर लगता है कि वह साधारण प्रतियोगी नहीं है। दर्शकों की तालियां उसकी जीत का सबूत थीं। ऐसे लड़ाई के दृश्य देखने में बहुत रोमांचक लगते हैं। (डबिंग) ठुकराया हुआ इक्का की यही खासियत है।
सफेद सूट वाले व्यक्ति की अकड़ देखकर गुस्सा आता है। वह बिना वजह किसी को नौकर कहकर बुला रहा है। लगता है कि आगे चलकर इसी अहंकार का उसे खामियाजा भुगतना पड़ेगा। कहानी में ऐसे खलनायक किरदारों की जरूरत होती है जो नायक को चुनौती दे सकें। (डबिंग) ठुकराया हुआ इक्का में संघर्ष बढ़िया है।
लड़की का किरदार बहुत प्यारा लगा। जब वह नायक की तारीफ कर रही थी, तो उसकी आंखों में सम्मान साफ़ दिख रहा था। ऐसे सहायक किरदार कहानी को आगे बढ़ाते हैं। उम्मीद है कि आगे की कड़ियों में उसकी भूमिका और भी अहम होगी। (डबिंग) ठुकराया हुआ इक्का में भावनाएं अच्छी हैं।
चेकर्ड सूट वाले आदमी की घबराहट साफ़ दिख रही थी। वह अपने बॉस से डरा हुआ लग रहा था। रात के अंधेरे में झील के किनारे यह बातचीत बहुत रहस्य बना रही है। क्या उनकी योजना सफल होगी या कोई गड़बड़ हो जाएगी। (डबिंग) ठुकराया हुआ इक्का में रहस्य बना रहेगा।
युद्ध कला प्रतियोगिता का सेटअप बहुत भव्य लगा। बैनर और सजावट से प्रतियोगिता का महत्व समझ आ जाता है। जब लड़ने वाले मैदान में उतरे, तो माहौल में जोश भर गया। ऐसे स्थल पर लड़ाई देखने में मजा आता है। (डबिंग) ठुकराया हुआ इक्का का निर्माण स्तर अच्छा है।
नायक ने जब पूछा कि तीन साल पहले वाले योद्धा कहां गए, तो लगता है कि उसका कोई पुराना बदला बाकी है। यह निजी बदला कहानी को गहराई देती है। दर्शक इस रहस्य को जानने के लिए बेताब हो जाएंगे। (डबिंग) ठुकराया हुआ इक्का में रहस्य गहरा है।
मास्क वाले व्यक्ति की पहचान छिपाने का तरीका बहुत अनोखा लगा। उसकी पोशाक और बात करने का अंदाज बताता है कि वह कोई बड़ा नेता है। प्रकाश मंडल का डर सबके चेहरे पर साफ़ था। यह शक्ति संतुलन बहुत अच्छा दिखाया गया है। (डबिंग) ठुकराया हुआ इक्का में नाटक है।
नीले कपड़े वाले व्यक्ति की प्रतिक्रियाएं बहुत स्वाभाविक थीं। वह हैरान था कि इतना बड़ा उस्ताद कहां से आ गया। दर्शकों की तरफ से भी यही सवाल उठ रहा था। यह जिज्ञासा बनाए रखना जरूरी है। कहानी में यह पहलू अच्छा लगा। (डबिंग) ठुकराया हुआ इक्का में सवाल हैं।
शुरुआत का सूरज ढलने का दृश्य बहुत सुंदर था। उसने कहानी में एक शांत शुरुआत की। फिर अचानक रात के अंधेरे में साजिश शुरू हो गई। यह विपरीत स्थिति बहुत अच्छी थी। कहानी की रफ्तार धीरे धीरे बढ़ रही है। दर्शक अंत तक जुड़े रहेंगे। (डबिंग) ठुकराया हुआ इक्का में विविधता है।