कैंपस का नज़ारा बहुत सुंदर है। जब परिवार विश्वविद्यालय पहुंचा, तो माहौल में एक अलग ही उत्साह था। हर्ष का स्वागत देख कर लगा कि कहानी में कुछ बड़ा होने वाला है। असली वारिस, सच्ची जीत का ये दृश्य बहुत ही दिलचस्प था। सबके चेहरे पर अलग अलग भाव थे जो देखने में अच्छे लगे। यहाँ हर कोई अपने लक्ष्य की ओर बढ़ रहा था।
हर्ष जो कि पीएचडी छात्र है, उसकी मुस्कुराहट में कुछ छुपा था। जब उसने भूरे कोट वाली लड़की से हाथ मिलाया, तो लगा ये सिर्फ मुलाकात नहीं है। कहानी में मोड़ आने वाला है। असली वारिस, सच्ची जीत ने हमें फिर से हैरान कर दिया। उसकी आँखों में आत्मविश्वास साफ़ दिख रहा था जो पसंद आया।
काले कपड़े वाली लड़की की आँखों में जलन साफ़ दिख रही थी। जब हर्ष ने दूसरी लड़की का अभिवादन किया, तो उसकी प्रतिक्रिया देखने लायक थी। क्या ये दोस्ती है या कुछ और? असली वारिस, सच्ची जीत का हर कड़ी रहस्य से भरा है। उसके चेहरे के भाव बताते हैं कि कहानी में तुरंत बदलाव आएगा।
बज़ुर्ग दंपत्ति का व्यवहार बहुत शिष्ट था। उन्होंने हर्ष से बात की तो लगा कि ये पहले से जानते हैं। परिवार की गतिशीलता दिलचस्प लग रही हैं। असली वारिस, सच्ची जीत में पारिवारिक नाटक भी है। उनकी बातचीत से लगता है कि ये रिश्ते पुराने हैं और गहरे हैं।
हाथ मिलाने वाला दृश्य बहुत महत्वपूर्ण लग रहा है। भूरे कोट वाली लड़की आत्मविश्वासी लग रही थी। हर्ष की आँखों में भी कुछ खास था। असली वारिस, सच्ची जीत की कहानी पकड़ में आ रही है। ये पल दोनों के बीच के संबंधों की शुरुआत हो सकता है जो आगे चल कर रंग लाएगा।